चन्द्रसैन जैन जी श्योनाथ परिवार के एक हीरा थे ! परिवार के लिए बहुत भक्ति भाव से सेवा की ! सदा सादगी , सरलता, पवित्रता का जीवन जीते हुए परिवार के दो पुत्रों एवं दोनों पुत्रियों का विवाह संपन्न करवाकर, राजेश जैसा हीरा संघ को दिया ! चन्द्र सैन जी एक सर्मर्पित स्वय सेवक थे तथा मन कार्य वचन से संघ दृष्टि को सर्वोपरि, समझकर मजदूर संघ , जनसंघ को प्राण देने में अहम भूमिका निभाई ! स्व . जैन जी ने भिवानी में मजदूर संघ की स्थापना की ! वे सब एक अनुकरणीय उदाहरण हमारे सामने है ! सदा हमें उनका जीवन प्रेरणा देता रहेगा - सत्यम गुप्ता
गुरुवार, 28 फ़रवरी 2013
बलबीर बंचल अधिवक्ता , जिला कचहेरी , कैथल
भाई मनोज जी , राजेश जी, परमपूज्य पिता जी का स्वभाव बड़ा निर्मल , कोमल, पल में बड़े लोगों में सहायक, बच्चों में बच्चों जैसे कोमल मन बनाकर बातें करना कोई इनसे सीखो ! ऐसा था हमारे मौसा जी का स्वभाव ! मुझे उनकी कमी बहुत खलेगी , क्योँकि उनके मिलने पर वही मुझे प्यार से आओं मेरे ' पाण्डू ' जी कहकर पुकारते थे ! आज मेरा मन दुःख इभी है , साथ में प्रेरणामयी यादें सदा उनकी का एहसास कराती रहेंगी ! भगवान से उनकी स्वर्ग में वास की कामना करता हूँ ! - बलबीर बंचल अधिवक्ता
मंगल नसीम
वक्त हुआ दीवारों पर तहरीर , हँसते - गाते लोग हुए तस्वीर ,
अम्मा है जैसे इस घर की नींव बाबूजी थे ज्यों छत के शहतीर - श्रद्देय बाबूजी को श्रधासुमन ! - मंगल नसीम
अम्मा है जैसे इस घर की नींव बाबूजी थे ज्यों छत के शहतीर - श्रद्देय बाबूजी को श्रधासुमन ! - मंगल नसीम
डा . प्रवीण शुक्ल ( हास्य - व्यंग्य कवि ) , न्यू मॉडर्न शाहदरा, दिल्ली
भाई राजेश जी, मैं जानता हूँ कि जीवन में कभी कभी ऐसी स्थितियाँ आ जाती है , जब शब्द मौन हो जाते है और भावनायें आकाश हीन ! एहसास बाहर आने के स्थान पर मन के किसी कोने में चुप्पी साध कर बैठना चाहते है ! बाबू जी का दुनिया से जाना एक ऐसा ही क्षण है ! मुझे लगता है की हमें उनके ' विजन ' और इश्दृष्टि से प्रेरणा लेना उनमे विचारों को आगे बढ़ाना चाहिये ! वो अपनी जो वंश बेल छोड़ गये है , उसमें इतनी शक्ति सौप कर गये है की इस कार्य को कर सकती है ! यही उनके प्रति हमारी सच्ची श्रद्धांजलि होगी ! - डा . प्रवीण शुक्ल ( हास्य - व्यंग्य कवि )
बुधवार, 27 फ़रवरी 2013
महेन्द्र शर्मा - ज्वाय अपार्टमेंट, सेक्टर -२ द्वारका, नई दिल्ली
प्रिय राजेश , आपके पिताश्री में मैंने अपने पिताश्री की छाया देखी है ! मैनें भी वह दुःख महसूस किया है जो आज आप व आपका समस्त परिवार कर रहा है ! इस अपार दुःख से आप अवश्य पार हो जायेंगे क्योंकि आपके पिताश्री ने अपने यशस्वी पुत्र को अपनी आँखों के सामने अपने आदर्शों पर चलते देखा ! इससे बढकर उनके लिए क्या ख़ुशी रही होगी ! परम धर्म को जानना सत्य है , अत : यह जानकर आप धैर्यपूर्वक इस दुःख को सहन करेंगे ! मैं आपके दुःख व सुख में सदैव साथ हूँ ! प्रभु उनकी आत्मा को शांति प्रदान करें ! आपका अपना - महेन्द्र शर्मा - ( कवि पत्रकार )
डा . शिव कुमार गर्ग - ए -76, पुष्पांजलि
एक ऐसा व्यक्तित्व जो जब से होश संभाला, समाज के लिए जिए ! अंतिम क्षण तक समाज से जुड़े रहे , यदि हम " लाईन " या " शब्द " में कहें - " साधू " - डा . शिव कुमार गर्ग
सतीश गुप्ता , 366, अग्रवाल सिटी प्लाजा, मंगलम प्लेस , सेक्टर 3, रोहिणी दिल्ली
आदरणीय बाऊजी श्री चन्द्र सैन जैन जी के निधन पर मैं एवं मेरा परिवार शोक संप्त है ! भगवान उन्हें अपने पास स्वर्ग में वास दें और परिवार को इस घड़ी में दुःख में शक्ति दें ! - सतीश गुप्ता
प्रेम प्रकाश गुप्ता ( अग्रोहा विकास ट्रस्ट )
आदरणीय बाऊजी श्री चन्द्र सैन जैन जी सत्यता के प्रतिबिम्ब थे व व्यक्ति विशेष से कार्य लेने व उसको अपने व सामाजिक कार्य के लिए तैयार करने में सक्षम थे ! इस समिति में एहम थे और उनका हर तरह का आधिपत्य था ! - प्रेम प्रकाश गुप्ता ( अग्रोहा विकास ट्रस्ट )
अशोक कुमार गुप्ता - अशोक गोयल - चरखी दादरी , हरियाणा )
लाला चन्द्र सैन जैन के निधन पर मैं दादरी शिक्षा समिति व परिवार की तरफ से ह्रदय से शोक संप्त हूँ ! भगवान उनकी आत्मा को शांति मिले व स्वर्ग में वास करें ! राजेश चेतन जब भी मैं आपसे मिलता हूँ , मुझे बहुत शक्ति मिलती है और प्ररेणा मिलती है ! आप तन , मन , धन से भिवानी परिवार मैत्री संघ का नेतृत्व कर रहे है ! वह आपके मार्गदर्शन में दिन प्रतिदिन आगे बढ रहा है ! मैं भगवान से प्रार्थना करता हूँ कि पिताजी की आत्मा को शांति मिले और भगवान आप व आपके परिव्वर को यह दुःख सहन करने के लिए शक्ति दें ! - आपका - अशोक कुमार गुप्ता ( प्रधान दादरी शिक्षा समिति , चरखी दादरी , हरियाणा )
अशोक गोयल - महासचिव शिक्षण महाविधालय ,चरखी दादरी
अशोक गोयल - महासचिव शिक्षण महाविधालय ,चरखी दादरी
विष्णु भगवान, सूबे सिंह ( बाक्सिंग प्रशिक्षक ) - भिवानी
आपसे व्यक्तिगत रूप से तो मैं नहीं मिल सका, इसका मुझे सर्वदा अफ़सोस रहेगा ! लेकिन आपने जो पुत्र रतन श्री राजेश चेतन जी के रूप में दिया है , उसे देखकर लगता है कि आपको अगर राजा दशरथ की उपाधि दी जाये तो कोई अतिश्योक्ति नहीं होगी , क्योंकि आदर्श आपने अपने पुत्र को दिए है ! वह भी राम जी के आदर्शों से मेल खाते ! - विष्णु भगवान, सूबे सिंह ( बाक्सिंग प्रशिक्षक ) - भिवानी
रविन्द्र नाथ बंसल - शालीमार बाग
समाज के लिए कार्य करते हुए , समाज को समर्पित ऐसा जीवन ! परम पिता परमात्मा अपने चरणों में स्थान दें ! ऐसी प्रभु से कामना है ! - रविन्द्र नाथ बंसल
रजनी " अवनी " - सुल्तान पुर , नांगलोई , दिल्ली
समाज में आजकल बहुत कम ऐसे लोग बचे है , जो सामाजिक , धार्मिक कार्य के प्रति अपना रुझान रखते है , फिर भी जो थे वो रहेंगे जैसे की आप ......
आपका धार्मिकता के प्रति जो विचार व समाज के प्रति निष्ठा कर्तव्य है , वह अत्यंत अदभुत है ! ऐसी समाज सेवा के रूप में हमें सदैव आपकी स्मृति हो उठेगी ! ईश्वर आपकी आत्मा को शांति दें तथा परिवार को दुःख सहने की शक्ति प्रदान करें ! - रजनी " अवनी "
आपका धार्मिकता के प्रति जो विचार व समाज के प्रति निष्ठा कर्तव्य है , वह अत्यंत अदभुत है ! ऐसी समाज सेवा के रूप में हमें सदैव आपकी स्मृति हो उठेगी ! ईश्वर आपकी आत्मा को शांति दें तथा परिवार को दुःख सहने की शक्ति प्रदान करें ! - रजनी " अवनी "
नरेश जैन - अनिल जैन - देशबंधु गुप्ता रोड
आदरणीय भाई साहब, हमारे गाँव के अभिनय मित्र थे ! मृत्यु अनित्य है ! ऐसी अमिट छाप छोड़ जाती है जो समाज व धर्म के प्रति निष्टावान होती है और अपने कार्य के प्रति सदा सवदा रहती है ! सदा सवदा रह के अपने जीवन अमर को अमर बना देती है ! - नरेश जैन - अनिल जैन
CA Man Mohan Kejriwaal - 135, Satyaniketan, New Delhi-21
BPMS के एक कार्यक्रम में आपके साक्षात दर्शन हुये . The way you spoke from the side. It was very impressive. भगवान आपकी आत्मा को शान्ति दें व् अपने धाम में स्थान दें ! - मन मोहन केजरीवाल -
मंगलवार, 26 फ़रवरी 2013
जितेंद्र गुप्ता - पंजाबी बाग एक्सटेंशन ,
आपसे साक्षात दर्शन का सौभाग्य तो मुझे नहीं मिला ! परन्तु जिनके राजेश जी जैसे सपुत्र हो तो आपके जीवन का परिचय तो अपने आप ही हो जाता है ! आपका वियोग समाज के लिए एक क्षति है , जिसकी भरपाई बहुत ही मुश्किल है ! स्वर्ग से आपका आशीर्वाद हमें मिलता रहेगा ! - जितेंद्र गुप्ता - पंजाबी बाग एक्सटेंशन , दिल्ली
वी . पी . गुप्ता - मधुबन अपार्टमेंट , मधुबन चौक, पीतमपुरा, दिल्ली
आपकी कर्तव्य निष्ठा एवं सतत लगन बहुत ही सराहनीय रही ! आपके जीवन से अनुकरणीय सस्मरण सबके लिए प्रेरणा के स्त्रोत रहेंगें ! हमारी भावभीनी श्रद्धांजलि प्रेषित है ! - वी . पी . गुप्ता
भूपेन्द्र कौशिक - डी - 13, रोज अपार्टमेंट , रोहिणी,
" पूज्य बाऊ जी के स्नेह, आशीर्वाद जीवन की एक बड़ी पूंजी है ! उनका प्रतिकूल स्वास्थ्य परिस्थितियों के बावजूद हमेशा जीवन के साथ जीने का सन्देश सदैव मार्ग दर्शन करता रहेगा ! - भूपेन्द्र कौशिक
प्रमोद कुमार शर्मा - बी -6/108, सेक्टर -7, रोहिणी ,दिल्ली
" शायद किसी राही को साए की जरूरत हो , इसलिए ए दोस्त हम धूप में चलते है ! " इस उक्ति को ह्रदय में उकेरकर आदरणीय ताऊ जी ने अपना जीवन समाज के लिए समर्पित क्र दिया ! परमपिता उन्हें अपने चरणों में स्थान दें ! - प्रमोद कुमार शर्मा
भीम बंसल - सेक्टर - 22, रोहिणी
माँ शब्द जहाँ हमें ममता और वात्सल्य का बोध कराता है , उसी प्रकार पिता शब्द मात्र ही हम सब को कर्तव्य बोध का सूचक है ! - भीम बंसल
डा . सुनील खेतरपाल - शालीमार बाग , दिल्ली
माँ की तरह बाप की बापता तोह नहीं होती लेकिन पुत्र की पहचान बाप के नाम से ही होती है ! क्षण में एक स्वछंद प्राणी होते हुए घर का पूर्ण दायित्व संभालना पड़ता है ! प्रभु उस दायित्व को सहने की क्षमता दें ! पुष्प आत्मा को अपने चरणों में स्थान दें ! - डा . सुनील खेतरपाल
पं सुरेश चन्द्र शुक्ला - कानपुर
चाचा जी के निधन का सुनकर मुझे बड़ा कष्ट हुआ है , क्योंकि चाचा जी बहुत पावन और सामाजिक थे ! सामाजिक तौर पर गलत कार्य करने वालों पर उन्हें गुस्सा आ जाता था ! उनकी खबर सुनकर मुझे बड़ा खेद हुआ है ! - पं सुरेश चन्द्र शुक्ला - कानपुर
दास पुरुषोत्तम -( Capital College of Fine Arts)
पिता शब्द में एक ऐसी शक्ति है जो हर पल संचालित होती रहती है ! उस के रुक जाने की घटना एक पुत्र के लिए सबसे बड़ा कष्ट है ! मैं अपने भाई राजेश के इस दुःख में बराबर का भागीदार हूँ ! प्रभु से प्रार्थना करता हूँ कि उस महान आत्मा को अपने चरणों में स्थान दें तथा समस्त परिवार जनों को इस दारुण दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करें ! - आपका अपना - दास पुरुषोत्तम -( Capital College of Fine Arts)
सोमवार, 25 फ़रवरी 2013
विनोद कुमार गुप्ता - डी -28, राणा प्रताप मार्ग आदर्श नगर,
पिता जी के निधन का समाचार सुनकर अत्यन्त दुःख हुआ , लेकिन यह प्रकृति का ही नियम है ! इस दुःख की घड़ी में हम सब आपके साथ है ! - विनोद कुमार गुप्ता
अन्जु जैन ( निगम पार्षद पूर्व ) - डी /14/48 सेक्टर - 8, रोहिणी, दिल्ली
राजेश जी,
आपके पिताजी के बारे में सुनकर दुःख हुआ पर विधि के विधान के आगे किसी का क्या जोर ! सबको एक दिन वहीँ जाना है ! महावीर भगवान अपने चरणों में स्थान दें ! - अन्जु जैन ( निगम पार्षद पूर्व )
आपके पिताजी के बारे में सुनकर दुःख हुआ पर विधि के विधान के आगे किसी का क्या जोर ! सबको एक दिन वहीँ जाना है ! महावीर भगवान अपने चरणों में स्थान दें ! - अन्जु जैन ( निगम पार्षद पूर्व )
डा . शोभा विजेन्द्र - बी -, विनोबा कुंज , सेक्टर -9, रोहिणी, दिल्ली
भाई राजेश जी,
आपके पिताजी के विषय में सुनकर बहुत दुःख हुआ ! किन्तु जिस प्रकार से आपके परिवार में संस्कार रचे - बसे है , उनसे ऐसा आभास ही नहीं , विश्वास है की पिताजी सदैव ही आपके साथ रहेंगे ! - डा . शोभा विजेन्द्र
आपके पिताजी के विषय में सुनकर बहुत दुःख हुआ ! किन्तु जिस प्रकार से आपके परिवार में संस्कार रचे - बसे है , उनसे ऐसा आभास ही नहीं , विश्वास है की पिताजी सदैव ही आपके साथ रहेंगे ! - डा . शोभा विजेन्द्र
अरविन्द गुप्ता
परम -पूज्य पिताजी की आत्मा को शांति मिले ! हमारे परिवार के बहुत प्रिय सदस्य थे ! उनकी याद हमें हमेशा रहेगी ! - अरविन्द गुप्ता
शनिवार, 23 फ़रवरी 2013
नवल किशोर दिनोडिया
परम पूज्य पिताजी के देहांत से हमें बहुत बड़ा आघात है ! श्री भगवान से विनम्र निवेदन है कि पुण्य आत्मा को अपने श्री चरणों में स्थान दें ! पूज्य पिताजी बड़े ही मिलनसार मृदुभाषी एवं समाजसेवी रहे है ! शायद यह क्षति पूर्ति होना असंभव है ! भगवान से प्रार्थना है कि पूरे परिवार को यह दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करें ! - नवल किशोर दिनोडिया
विनोद कुमार
परम पूज्य पिताजी का देहांत एक ऐसा हादसा है जो कि उसके पुत्र के लिए सबसे बड़ा दुखद श्रण है ! क्योंकि उनके जाने के बाद इन्सान अनाथ हो जाता है ! परम पिता से निवेदन है कि लाला चन्द्र सैन जैन की आत्मा को शांति प्रदान करें ! - विनोद कुमार
शुक्रवार, 22 फ़रवरी 2013
जगत नारायण भारद्वाज - भिवानी
पूज्य चन्द्रसैन जैन जी की मृत्यु से ह्रदय को आघात लगा, परन्तु उनके व्यावाहारिक जीवन का जो मर्दानापन था , वह किसी भी संकट से जूझने में सक्षम है ! उनका जीवन जितना उदक्त था , उनका ह्रदय उसी अनुपात में कोमल था ! उनके जीवन का संस्कार उनकी संतान में स्वत : दिखाई देता है ! जहाँ उनका जीवन कठोर हृदयों के लिए कठोर था , उतना ही मजदूरों के लिए समर्पित ! उनके जीवन से खूब सीखा जा सकता है ! मेरी उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि ! - जगत नारायण भारद्वाज - भिवानी
आशीष आर्य - 351, सेक्टर -4, द्वारका , डी . पी . एस . अपार्टमेंट , दिल्ली
समाज से जुड़े व्यक्ति दिवगंत चन्द्रसैन जैन की आर्य समाज कृष्णा कॉलोनी व नई अनाज मण्डी भिवानी की तरफ से श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए राजेश जी जैन से आशा करता हूँ, उनके अधूरे कार्य को आज पूरा करेंगें ! भगवान से प्रार्थना है की उनको अपने चरणों में स्थान दें ! - आशीष आर्य -
डा . जय किशन
पिताजी का देहांत जीवन की सबसे बड़ी दुखद घटना है ! जिसको सिर्फ पुरुष अच्छे से महसूस कर सकते है ! पिताजी के देहांत के बाद आदमी घर का सबसे बड़ा हो जाता है ! घर के सभी सदस्यों की आँखें पिता के पुत्र की तरफ अटक जाती है और पुत्र के लिए कोई नहीं होता ! पुत्र के पास पिता के आदर्श ही मार्ग दर्शक होते है ! - डा . जय किशन
एस . के. गर्ग - सेक्टर - 11, रोहिणी दिल्ली
पिता जी का निधन वास्तव में एक दुखद घटना है ! प्रभु उनकी आत्मा को शांति दें ! समाज के प्रति किये गये उनके कार्य सर्वदा याद रहेंगें ! एस . के. गर्ग - सेक्टर - 11, रोहिणी दिल्ली -(प्रधानाचार्य ) कैथल
सत्यदेव चौधरी - शांति निकेतन , नई दिल्ली
बाबूजी के निधन से मैं दुखी हुआ ! समाज के शुभ चिंतक के निधन से दुःख स्वाभाविक है , परन्तु जीवन का सत्य यही है ! बाबूजी के आदर्शों पर चलें ! यही सच्ची श्रद्धांजलि है ! - सत्यदेव चौधरी - शांति निकेतन , नई दिल्ली
कृष्ण गोपाल विधार्थी - रूहिल अपार्टमेंट, सेक्टर -९, बहादुरगढ़
जिंदगी का अर्थ केवल मौत तक जीना नहीं है , जिंदगी का अर्थ तो है मौत के भी बाद जीना .....
अपने अविस्मरणीय शुभ कार्यों के चलते जैन साहब सदैव हमारी यादों में बने रहेंगे ! उनकी प्रेरणा पाकर आप भी समाज सेवा के पथ पर निरंतर अग्रसर रहेंगे , यहीं आशा और कामना है ! - कृष्ण गोपाल विधार्थी
अपने अविस्मरणीय शुभ कार्यों के चलते जैन साहब सदैव हमारी यादों में बने रहेंगे ! उनकी प्रेरणा पाकर आप भी समाज सेवा के पथ पर निरंतर अग्रसर रहेंगे , यहीं आशा और कामना है ! - कृष्ण गोपाल विधार्थी
सपना लोहिया ( ऋचा - संपादक ) - शाहपुर जाट , दिल्ली
जन्म - मर्ण की तारीखें भूल जानी है ,
दुनिया की रीत चलती जनि है !
आप अमर रहोगे, हमारी यादों में,
मौत तो आनी जानी है ! - सपना लोहिया ( ऋचा - संपादक )
दुनिया की रीत चलती जनि है !
आप अमर रहोगे, हमारी यादों में,
मौत तो आनी जानी है ! - सपना लोहिया ( ऋचा - संपादक )
सर्वेश त्रिपाठी ' सत्य ' - 2126/2एन , प्रेम नगर , पटेल नगर , दिल्ली
जीवन का आधार व परिवार की समस्त जिम्मेदारी का उतरदायित्व पिता शब्द पर आधारित होती है ! वह जीवन के नैतिक मूल्यों का अनुभव अपने भावी पीढ़ी के लिए संचित करता है और आज कवि राजेश चेतन जी के पिता जी के आकस्मिक निधन से हम सभी दुःख के इस घड़ी में चेतन जी को धैर्य देने की चेष्टा करें , और ईश्वर से यह प्रार्थना करेगें कि आत्मा को शांति प्रदान करें ! - सर्वेश त्रिपाठी ' सत्य '
Sadhu Ram Agarwal, Pkt-11/1, Sec-5, Rohini, Delhi
Sh. Chander Sain Jain ji was a man of very rich principal. He was very simple and solve man also. He was very active. He had done a long work for our society. - Sadhu Ram Agarwal
जगदीश गोयल
राजेश चेतन जी के पिता जो की मेरे पिताजी के समान थे ! उनका स्वर्गवास पुरे परिवार के लिए बहुत दुखद है ! उनकी शखशियत दृढ़ , संस्कारित पिता व नेता जैसी थी ! जिन माँ बाप के बच्चे संस्कारित हो व समाज का नेतृत्व करते हो , ऐसे पिता के लिए श्रद्धांजलि - जगदीश गोयल
जितेन्द्र ( मुख्य शिक्षक , केशव शाखा ), सेक्टर -15, रोहिणी
श्री चन्द्र सैन जी एक बहुत सक्रिय व्यक्ति एवं हमारी शाखा के स्वयंसेवक थे ! उनके स्वर्गवास से जो शून्य पैदा हुआ है , उसे भरना काफी मुश्किल है ! इस दुःख की घड़ी मैं समस्त शाखा की संवेदनाएँ इस परिवार के साथ है ! - जितेन्द्र ( मुख्य शिक्षक , केशव शाखा )
गुरुवार, 21 फ़रवरी 2013
सीताराम गुप्ता / के . एल . गर्ग -
श्री चन्द्र सैन के निधन पर समाज ने एक अमूल्य रत्न को खोया है ! उनका कुशल एवं सामाजिक नेतृत्व हमेशा समाज को एक नई दिशा एवं प्रेरणा प्रदान करता रहा है ! उनका योगदान समाज के लिए इतिहास के सुनहरी पन्नों पर लिख जाना चाहिए ! उनके सुपुत्र श्री राजेश चेतन जी एक जाने मने काव्य रचनाकार है , उनका भी समाज में अतुल्य योगदान रहता है ! - सीताराम गुप्ता , 61 वसुधा एन्क्लेव ,
के . एल . गर्ग - 81 , राज नगर
के . एल . गर्ग - 81 , राज नगर
सुरेन्द्र गुप्ता , 122 , वैशाली , पीतमपुरा, दिल्ली
पिता का स्थान जीवन में करीब करीब परमात्मा सरोखा है ! हमारे माँ - बाप ही हमारे शारीरिक, सामाजिक व आध्यात्मिक जीवन के सूत्रधार है ! प्रिय राजेश जी आज आपके परिवार से वो सदस्य चले गये है ! जिनसे आपका साथ , जब से आपने इस दुनिया में आखें खोली, तबसे था ! एक छाया एक आशियाने की तरह पल पल पर याद आते रहेंगे सारी जिंदगी ! उनकी याद उनकी अमूल्य धरोहर है !- आपका शुभेच्छु सुरेन्द्र गुप्ता
बुधवार, 20 फ़रवरी 2013
चरण जीत - 818, संजय एन्क्लेव , जवाहर कॉलोनी , फरीदाबाद
तीन साल पहले आदरणीय राजेश जी को एक कवि के रूप में जानने का मौका मिला , लेकिन वक्त के साथ राजेश जी के व्यक्तित्व की कई परतें खुलती गई और महसूस हुआ कि कोई व्यक्ति बिना संस्कारों की निधि के इतना धनी नहीं हो सकता ! दुर्भाग्यवश संस्कारों का वह सूरज इस जहान से अस्त होकर किसी दूसरी यात्रा पर निकल गया , लेकिन राजेश चेतन के रूप में पीछे एक किरण पुंज , एक ऐसा दीप जो कल निश्चित ही सूर्य की तरह प्रकाशमान होगा ! दिवगंत बाबूजी की आत्मा को ईश्वर शांति प्रदान करें तथा परिवार को सुख समर्धि ! - चरण जीत
चिराग जैन - बी-163 , पाकेट -ए , आई . एन . ए . कॉलोनी, दिल्ली -23
आम के वृक्ष पर आम ही फलता है ! राजेश जी के व्यक्तित्व को देखकर अनुमान लगाया जी सकता है कि उनके पूज्य पिताजी का किरदार क्या रहा होगा, लेकिन यह सिर्फ अनुमान ही होगा ! मैं कई बार व्यक्तिगत रूप से स्व . श्री चन्द्रसेन जी से मिला हूँ ! उनकी बातों में जो सच्चाई और निर्णय क्षमता दीख पड़ती थी ! उनकी बातों में जो बेबाक़ी छलकती है ! उन्होंने मेरी इस भावना को प्रेषित किया कि अंतत : बाप बाप ही होता है ! - चिराग जैन
मंगलवार, 19 फ़रवरी 2013
जे . पी . कटियार , 109ए , गुप्ता कॉम्पलेक्स, इन्दर लोक, दिल्ली
भाई चेतन जी आपसे जुड़ना एक सुन्दर अनुभव है ! जब भी आपसे मिला एक नई उर्जा का अनुभव किया ! आपके पिताजी के निधन से शोक हुआ ! ईश्वर उनकी आत्मा को शांति दें ! - जे . पी . कटियार
राजेश अग्रवाल - १, आकृति अपार्टमेंट, आई. पी . एक्स . पटपटगंज, दिल्ली
आदरणीय चेतन भैया से जुड़कर उनके परिवार से जुड़ना, एक अदभुत अनुभव है ! आपके पिताजी का चरित्र, संकल्प व नेतृत्व क्षमता आप में दिखती है ! उनके चरणों में शत शत नमन ! - राजेश अग्रवाल -
अतुल सिंघल (पत्रकार) - सी -५/१, सेक्टर -६, रोहिणी, दिल्ली
आदरणीय बाऊ जी के दर्शनों और उनके बातचीत का मौका दीपावली वाले दिन ही मिला था ! मैं अपने पिताजी प्रो . एस . वी . सिंघल के साथ बाऊ जी से मिलने आया था ! उस बात का इलम नहीं था की ये हमारी आख़िरी मुलाकात होगी ! कई बार बाऊ जी से मिलने , साथ भोजन करने का सोभाग्य मिला ! ऐसे सरल ह्रदय बाऊ जी के चरणों में शत शत नमन !! - अतुल सिंघल (पत्रकार)
आदेश त्यागी जी-३, अधिकारी आवास, थाना मोती नगर, दिल्ली
जीवन पथ में विलग हुए, पर दिल से कैसे जाओगे !
जब भी मंदिर हमें दिखेगा, याद हमें तुम आओगे !
श्री राजेश 'चेतन' जी के स्वर्गीय पिता श्री की असामायिक मृत्यु पर संवेदनाओ का सागर उमड़ पड़ता है ! परन्तु भाव प्रकट करने के लिए शब्द कम पड़ रहे है ! भगवान दिवगंत आत्मा को शांति प्रदान करें व शोकाकुल परिवार को यह दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करें ! - आदेश त्यागी
जब भी मंदिर हमें दिखेगा, याद हमें तुम आओगे !
श्री राजेश 'चेतन' जी के स्वर्गीय पिता श्री की असामायिक मृत्यु पर संवेदनाओ का सागर उमड़ पड़ता है ! परन्तु भाव प्रकट करने के लिए शब्द कम पड़ रहे है ! भगवान दिवगंत आत्मा को शांति प्रदान करें व शोकाकुल परिवार को यह दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करें ! - आदेश त्यागी
राजेन्द्र कुमार जैन - सी-६, तुलसी अपार्टमेंट, रोहिणी, दिल्ली
श्री राजेश जैन एवं मनोज जैन, आपके पिता की अचानक मृत्यु पर मुझे बहुत दुःख हुआ ! परमात्मा पिताजी को अपने चरणों में जगह दे , और परिवार को यह दुःख की घड़ी सहने की क्षमता प्रदान करे ! - राजेन्द्र कुमार जैन
सोमवार, 18 फ़रवरी 2013
कमल गोयल - बी एन -57, शालीमार बाग पूर्व, दिल्ली
धन्य हो गया लाला चन्द्रसैन जी का जीवन, जो राजेश जी जैसा सामाजिक और धार्मिक पुत्र प्राप्त हुआ ! जिन्होंने सदा उनका नाम रोशन किया है और करेगा ! भगवान लाला जी की आत्मा को शांति दें ! - कमल गोयल
Shelain Sondhi - 125, Modern Appt., Sec-15, Rohini, Delhi
We are very lucky to have known Sr. Jain Sahab. Being next door neighbours we met every day in the Morning, while going to office, he ( JAIN SAB) cared for all of us as part of his extended Family. Even when his health started falling he did not loose his will power. I and my wife Rajnish were very fortunate to have met Jain sab before he left for his HEAVENLY ABODE.
We wish his pious soul rests in peace .
with warm regards - SHELAIN SONDHI
We wish his pious soul rests in peace .
with warm regards - SHELAIN SONDHI
HANS RAJ - 947, Bhaktawar Pur, Delhi - 36
I am a part of this family. We shocked to listen that father is no more. God give him Heaven. - HANS RAJ
प्रदीप चौहान , बी-46, प्रथम तल, पांडव नगर, गणेश नगर, नई दिल्ली
मैं भी इस परिवार में हूँ , राजेश जी के पिता जी के न रहने का दुःख मुझे भी है , और भगवन उनकी आत्मा को शांति दे ! - प्रदीप चौहान
महेन्द्र अजनबी , 44, पाकेट -1, सेक्टर-23, रोहिणी, दिल्ली
राजेश को मैं हमेशा से अपने छोटे भाई की तरह मानता आया हूँ ! पिताश्री के न रहने को मैं अपनी व्यक्तिगत क्षति मानता हूँ ! ईश्वर प्रिय राजेश और उसके पूरे परिवार को इस दुःख को सहने की शक्ति दे ! मैं पिताश्री को विन्रम श्रद्धांजलि देता हूँ ! - महेन्द्र अजनबी
विनय विश्वास, बी-7/155, सेक्टर-4, रोहिणी दिल्ली
मैं भी इस समय में परिवार के साथ हूँ ! राजेश के पिता जी के न रहने का दुःख तो है, लेकिन वे जीवन को भरपूर जीकर गए है ! जीवन कैसे जीना चाहिए, इनका आदर्श है उनका जीवन !
उन्हें मेरी हार्दिक श्रद्धांजलि! - विनय विश्वास
उन्हें मेरी हार्दिक श्रद्धांजलि! - विनय विश्वास
सुरेन्द्र शर्मा
मेरी संवेदनायें परिवार के साथ है ! पिता की मृत्यु से घर में इतना अंतर आ जाता है कि बेटे जो फर्श की तरह पिता के रहते थे, उन्हें एक झटके में छत बनना पड़ता है! आप दोनों इस स्थिति में हो कि छत होने की जिम्मेदारी को बखूबी निभा सकते हो ! मुझे इस दुःख में सहयोगी समझे ! - सुरेन्द्र शर्मा
शनिवार, 16 फ़रवरी 2013
सतीश गुप्ता , पंकज गुप्ता, 104, शक्ति विहार, पीतमपुरा, दिल्ली
आदरणीय चेतन जी, एवं समस्त परिवार जनों को इस दुःख की घड़ी में ईश्वर शक्ति प्रदान करे,
शोक संवेदनाओ के साथ - सतीश गुप्ता , पंकज गुप्ता
शोक संवेदनाओ के साथ - सतीश गुप्ता , पंकज गुप्ता
डा . दीपंकर गुप्त 51, तिरुपति विहार, बरेली ( उ. प्र. )
पिता गृह आधार, पिता अर्चना दीप !
दीपंकर उनके ऋणी सारे रंक महीप !!
पूज्य पिता चन्द्र सेन को मेरी कोटि प्रणाम !
श्रद्धांजलि के पुण्य , अर्पित आठोयाम !!
अनंत सदभावनाए एवम प्रभु से प्रार्थनाये !
आदरणीय भाई श्री चेतन के प्रति एवम,
सपरिजनों के प्रति शोक सवेंदानाओं के साथ,
आपका सदैव डा . दीपंकर गुप्त
दीपंकर उनके ऋणी सारे रंक महीप !!
पूज्य पिता चन्द्र सेन को मेरी कोटि प्रणाम !
श्रद्धांजलि के पुण्य , अर्पित आठोयाम !!
अनंत सदभावनाए एवम प्रभु से प्रार्थनाये !
आदरणीय भाई श्री चेतन के प्रति एवम,
सपरिजनों के प्रति शोक सवेंदानाओं के साथ,
आपका सदैव डा . दीपंकर गुप्त
RAJESH JAIN "NIRAV"
Many times I meet Bauji in my office as he see me, he always smiles and ask " how are you and how is everybody at home". His presence is very pleasing and full of blessings for me. Before one years I meet him at home and he said, Rajesh now its time जाना पड़ेगा . I never forget his memories from my mind and he has a special place in my heart always. - Rajesh Jian "Nirav"
महेश गोयल
हम सब का समय आता है,
जब ईश्वर हमें बुलाता है !
पर सत्य प्रेम चाहत का दीया,
जीवन में राह दिखाता है !
दिवंगत आत्मा को ईश्वर अपने चरणों में स्थान दे ! _ महेश गोयल "निष्काम"
जब ईश्वर हमें बुलाता है !
पर सत्य प्रेम चाहत का दीया,
जीवन में राह दिखाता है !
दिवंगत आत्मा को ईश्वर अपने चरणों में स्थान दे ! _ महेश गोयल "निष्काम"
शुक्रवार, 15 फ़रवरी 2013
ARUN BIYANI
Shock to know the sudden demise of your Father. May God bless his Soul, Rest @ Peace. His blessings will always available for family & entire community. _ ARUN BIYANI
ASHOK GOEL
I am really shocked to hear the sudden death of Sh. Chander Sain Jain. He was true nationalist and it will be very difficult to feel the void. May his soul rest in peace and I will pray to god to give him place in Heaven. _ ASHOK GOEL
गुरुवार, 14 फ़रवरी 2013
ऋतु गोयल
पिता हो तो घर स्वर्ग होता है,
पिता न हो तो उनकी स्मृतियाँ,
भी आपना फर्ज निभाती है !
पिता की तो तस्वीर से भी,
दुआएँ आती है
_ ऋतु गोयल
पिता न हो तो उनकी स्मृतियाँ,
भी आपना फर्ज निभाती है !
पिता की तो तस्वीर से भी,
दुआएँ आती है
_ ऋतु गोयल
काली शंकर " सौम्य " - 41, मदनगीर, नई दिल्ली - 62
श्री राजेश चेतन जी के पिताजी का देहांत एक दुर्भाग्यपूर्ण बात है ! जीवन में पिता की एक एहम भूमिका है !
पिता तुम वृक्ष छायादार,
धूप से हमको बचाकर,
सह रहे खुद मार ,
पिता तुम वृक्ष छायादार - काली शंकर
पिता तुम वृक्ष छायादार,
धूप से हमको बचाकर,
सह रहे खुद मार ,
पिता तुम वृक्ष छायादार - काली शंकर
मधु मोहिनी उपाध्याय
श्री राजेश जैन "चेतन" जी के पिता के दिवगंत होने की सूचना से व्यथित हूँ ! पिता की क्षति अपूरणीय हैं ! मैं चेतन जी के परिवार के साथ इन दु : खद क्षणों में हूँ ! ईश्वर दिवगंत आत्मा को शांति प्रदान करे !
सुन्दर आकृति क्षण भर में होती विकृति ,
फिर रूप का क्या गर्व है!
मृत्यु ही अंतिम पर्व है !
इस पर्व को सोल्लास मनाये , जिससे स्व . पिताजी प्रसन्न हो कृपा दृष्टि कर आशीष दें !
_ मधु मोहिनी उपाध्याय
सुन्दर आकृति क्षण भर में होती विकृति ,
फिर रूप का क्या गर्व है!
मृत्यु ही अंतिम पर्व है !
इस पर्व को सोल्लास मनाये , जिससे स्व . पिताजी प्रसन्न हो कृपा दृष्टि कर आशीष दें !
_ मधु मोहिनी उपाध्याय
बुधवार, 13 फ़रवरी 2013
A.K. ABROL - 424, MODERN APPT., SEC-15, ROHINI, DELHI-85
Today I am feeling absence of great & brave soul which used to greet me whenever I used to visit 1st Floor, of by block. My heart felt condolence for all family members.
Lt. Col Suraj Parkash - 736, Modern Appt., Sec-15, Rohini, Delhi-85
Sh. Chander Sain Jian been my close and active associates in running the society. Gave Selfless service and an honest person & a real gentleman. The Society today is out of the duties of certain in scruples and protected efforts. I must say that he has been " The Mahatama Gandhi " for our society.
चन्द्रगुप्त - 7, आर्दश नगर, कैथल (हरियाणा)
राजेश जी के पिताजी से मेरा लगभग 25 साल से संबंध था ! उन का प्यार भरा हाथ सदा हमारे सिर पर रहता था, जब भी मिलते थे, बड़े प्यार से मिलते थे !
इतना अचानक उनके चले का मन को विश्वास नहीं हो रहा है , परन्तु परमात्मा की इच्छा के आगे किसी का बस नहीं चलता, जैसी प्रभु इच्छा ! भगवान उन की आत्मा को शांति दें, यही भगवान से प्रार्थना हैं ! _ चन्द्रगुप्त
इतना अचानक उनके चले का मन को विश्वास नहीं हो रहा है , परन्तु परमात्मा की इच्छा के आगे किसी का बस नहीं चलता, जैसी प्रभु इच्छा ! भगवान उन की आत्मा को शांति दें, यही भगवान से प्रार्थना हैं ! _ चन्द्रगुप्त
राजेन्द्र कलकल - 191, पुलिस कालोनी, होज़ खास, नई दिल्ली- 01
राजेश जी के आचरण को देखकर बखुबी अंदाजा लगाया जा सकता है कि जिन्होंने ऐसे संस्कार अपनी संतान को दिये हो वो खुद कितने गुणों के स्वामी होंगे !
मैं ईश्वर से प्रार्थना करता हूँ कि बाबु जी की दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें व् परिवार को इस दुख की घड़ी में साहस दें ! _ राजेन्द्र कलकल
मैं ईश्वर से प्रार्थना करता हूँ कि बाबु जी की दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें व् परिवार को इस दुख की घड़ी में साहस दें ! _ राजेन्द्र कलकल
दिनेश चन्द्र छिम्वाल - फ्लैट न - 135, पाकेट -5, सेक्टर -2, रोहिणी, दिल्ली -85
परम श्रद्धेय स्व . श्री चन्द्र सैन जैन के आकस्मिक निधन पर अपार दुःख हुआ है ! अनमोल संस्कार देकर मानवता की परिभाषा बताकर उन्होंने हम सभी पर महान उपकार किया है !
क्यों कि भगवद गीता के अनुसार जैसा कार्य श्रेष्ठ व्यक्ति करें , उसी प्रकार का आचरण हम सब को करना चहिये ! यही सच्ची श्रद्धांजलि हम सबकी ओर से उन्हें अर्पण है ! दयालु भगवान उनकी आत्मा को शान्ति प्रदान करे ! - दिनेश चन्द्र छिम्वाल
क्यों कि भगवद गीता के अनुसार जैसा कार्य श्रेष्ठ व्यक्ति करें , उसी प्रकार का आचरण हम सब को करना चहिये ! यही सच्ची श्रद्धांजलि हम सबकी ओर से उन्हें अर्पण है ! दयालु भगवान उनकी आत्मा को शान्ति प्रदान करे ! - दिनेश चन्द्र छिम्वाल
मंगलवार, 12 फ़रवरी 2013
सतीश गुप्ता - 12 शारदा अपार्टमेन्ट वेस्ट एन्क्लेव पीतमपुरा, दिल्ली 34
श्री राजेश चेतन जी, इस दुख की घड़ी में, मैं प्रभु से प्रार्थना करता हूँ कि आपको और आपके परिवार को इस कष्ट को सहने की शक्ति प्रदान करें , और आपके परिवार को उनके मार्ग पर चलने की प्रेरणा दे!
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